शेखर गुप्ता ने उठाया मेडिकल शिक्षा का महत्वपूर्ण प्रश्न...
शेखर गुप्ता भारत के एक प्रसिद्ध पत्रकार माने जाते हैं। मैं उनको हमेशा पढ़ता रहता हूं। कल उन्होंने एक महत्वपूर्...
शेखर गुप्ता भारत के एक प्रसिद्ध पत्रकार माने जाते हैं। मैं उनको हमेशा पढ़ता रहता हूं। कल उन्होंने एक महत्वपूर्...
29 जुलाई प्रातःकालीन सत्र। वर्तमान दुनिया में स्वतंत्रता और उद्दंडता के बीच या तो कोई सीमा रेखा बनी हुई नहीं ...
1 अगस्त प्रातःकालीन सत्र हम नई समाज व्यवस्था में विधायिका और कार्यपालिका को बिल्कुल अलग-अलग कर देंगे। विधायिक...
मैं चंपत राय जी को इस बात के लिए बधाई देता हूं कि कुत्ते लगातार कई दिनों से भोंकते रहे और चंपत राय जी ने कभी उ...
स्वतंत्रता के पूर्व जैसी हमारी समाज व्यवस्था थी, उसके आधार पर यह स्पष्ट है कि उस समय 99% योग्यता स्वर्ण के पास...
18 जून प्रातःकालीन सत्र। वर्तमान दुनिया में मूल अधिकारों की जो परिभाषाएँ बनी हुई हैं, वे गल...
भारत में लंबे समय से यह बहस चल रही है कि नेहरू के कार्यकाल में देश में संतुलित विकास हुआ या नरेंद्र मोदी के का...
मैंने आपको पहले भी बताया था कि अब मैं अधिकांश सक्रियताओं से लगभग मुक्त हो चुका हूँ। अब हमारे साथियों ने मिलकर ...
7 मई, प्रातःकालीन सत्र। हम नई राजनीतिक व्यवस्था में पाँच सूत्रों को आधार बनाकर अपना संविधान ब...
8 मई, प्रातःकालीन सत्र — नई समाज व्यवस्था पर चर्चा। हम व्यक्ति की व्यक्तिगत स्वतंत्रता ...
भारत को स्वतंत्र हुए लगभग 80 वर्ष हो रहे हैं। मैंने भी स्वतंत्रता से लेकर आज तक यह अनुभव किया है...
15 अप्रैल प्रातःकालीन सत्र। अपराध नियंत्रण की गारंटी पर चर्चा। सारी दुनिया में अपराध की एक गल...
29 मार्च प्रातःकालीन सत्र। भारत सहित दुनिया के सभी देश सुशासन की गारंटी देते हैं, लेकिन सुशासन...
मेरे एक अच्छे मित्र कृष्ण अवतार त्रिपाठी ‘राही’ जी ने मुझसे यह प्रश्न किया है कि भ...
भारत में स्वतंत्रता के बाद न्यायपालिका में लंबे समय तक साम्यवादी विचारधारा से प्रभावित लोगों क...
पूरी दुनिया में समाचारों की विश्वसनीयता के लिए अक्सर BBC को एक महत्वपूर्ण आधार माना जाता है। बहुत से लोग यह मा...
मैं पिछले लगभग एक महीने से बहुत परेशान था। किसी भी विषय पर कुछ भी लिखता था, तो कुछ तथाकथित ब्राह्मण जबरदस्ती &...
कल हम लोगों ने यह चर्चा की थी कि राज्य हमेशा स्वतंत्रता का अपहरण करने के लिए “समानता” शब्द का अधिक...
हम वर्तमान राजनीतिक षड्यंत्र पर चर्चा कर रहे हैं। राजनेता हमेशा यह प्रयत्न करता है कि स्वतंत्र...
Prem Kumar Mani एक वामपंथी पृष्ठभूमि के विचारक माने जाते हैं, फिर भी वे अनेक अवसरों पर स्वतंत्...
मैं सामान्यतः Shekhar Gupta को एक गंभीर विचारक मानता हूँ और उनके लेख ध्यानपूर्वक पढ़ता हूँ। इसी प्रकार मैं चार...
तंत्र और सरकार—इन दोनों में क्या अंतर है, इस विषय पर हम आज चर्चा नहीं करेंगे। लेकिन हम यह अवश्य स्पष्ट क...
हम केवल भारत की समस्याओं पर ही नहीं, बल्कि संपूर्ण विश्व की चुनौतियों पर भी गंभीरतापूर्वक चिंतन कर रहे हैं। मा...